कुमार इंदर, जबलपुर। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने तीन राज्यों के डीजीपी को तलब किया हैं। साइबर ठगी के मामले में सुनवाई करते हुए पश्चिम बंगाल, झारखंड और असम के डीजीपी को कोर्ट में हाजिर होने के निर्देश दिए है। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने गृह मंत्रालय, आरबीआई और दूरसंचार विभाग को पार्टी बनाने का भी आदेश दिया हैं। आइए जानते है आखिर पूरा मामला क्या है…

दरअसल, जबलपुर के गोरा बाजार निवासी रिटायर्ड महिला बैंककर्मी चेताली मिश्रा से 6 लाख 24 हजार रुपये की ठगी हुई थी। क्रेडिट कार्ड अपडेट करने के नाम पर पर वारदात को अंजाम दिया गया था। इसे लेकर चेताली मिश्रा ने कई जगह शिकायत के बाद कोर्ट में अर्जी लगाई थी। इस मामले में सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि साइबर फ्रॉड के केस में एक-एक पल कीमती होता है।

ये भी पढ़ें: गिरिबाला सिंह के घर चोरी का खुलासा: पारदी गैंग का एक आरोपी गिरफ्तार, SIT कर रही जांच

जबलपुर एसपी ने कोर्ट में कहा कि शिकायत मिलते ही साइबर सेल को शिकायत ट्रांसफर कर दी गई थी। अलग-अलग बैंक होने के चलते समय लग रहा है। दूसरे राज्यों में संदिग्ध होने के चलते भी देरी हो रही है। इस पर कोर्ट ने तीन राज्यों पश्चिम बंगाल, झारखंड और असम के डीजीपी को 21 जुलाई को हाजिर होने के निर्देश दिए हैं।

फैक्ट फाइल

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले डेढ़ साल में जबलपुर में 4,200 से ज्यादा लोग साइबर ठगी के शिकार हुए है। 4200 लोगों से लगभग 50 करोड़ की धोखाधड़ी हुई है। शहर में डिजिटल अरेस्ट और ओटीपी फ्रॉड के मामले भी तेजी से बढ़े है। केवल जनवरी से जुलाई 2026 के बीच ही लगभग 800 लोगों के साथ साइबर ठगी हुई, जिससे करीब 15 करोड़ का नुकसान हुआ है। साल 2025 में 3,400 से ज्यादा साइबर ठगी के मामले दर्ज किए गए थे। 3400 ठगी के मामले में 35 करोड़ तक की चपत लगाई गई थी।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m