हेमंत शर्मा, इंदौर/ शब्बीर अहमद, भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार के कद्दावर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के एक हालिया बयान ने सूबे की सियासत में नया उबाल ला दिया है। इंदौर में एक भूमि पूजन कार्यक्रम के दौरान दिए गए काफिर और लाडली बहना योजना वाले बयान पर अब कांग्रेस ने बेहद तीखा पलटवार किया है। कांग्रेस के पूर्व विधायक ने आड़े हाथों लेते हुए जनता के टैक्स र संविधान का हवाला दिया है।
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कैलाश विजयवर्गीय का वो बयान जो हो रहा वायरल
दरअसल हाल ही में इंदौर में एक सड़क निर्माण के भूमि पूजन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का एक बयान सोशल मीडिया पर जमकर वायरल रहा है। मंच से जनता को संबोधित करते हुए विजयवर्गीय ने कहा:
“यहां सड़क बन रही है… यहां हिंदू भी रहते हैं और मुसलमान भी रहते हैं। पर कुछ मुसलमान हमको ‘काफिर’ कहते हैं। अरे हम अगर काफिर हैं और हमने यह सड़क बनाई है, तो इस सड़क पर मत चलो। यदि हम काफिर हैं और आपके घर में लाडली बहना जैसी योजना का पैसा आ रहा है, तो वो पैसा मत लो।”
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा ने कभी किसी के साथ भेदभाव नहीं किया है और वे सबका साथ, सबका विकास के मंत्र पर काम करते हैं चाहे कोई उन्हें वोट दे या न दे।
कांग्रेस का तीखा पलटवार- ‘जेब से दे रहे हो क्या पैसा…’
विजयवर्गीय के इस बयान पर भोपाल से कांग्रेस के पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने मोर्चा संभालते हुए उन पर जोरदार हमला बोला। पटेल ने विजयवर्गीय को घेरते हुए कहा:
“कैलाश जी, आप जनता को हेलीकॉप्टर दिलवा दीजिए, फिर वो आपकी बनाई सड़कों पर नहीं चलेंगे। आज आप लाडली बहना योजना का पैसा न लेने की बात कह रहे हैं, तो क्या यह पैसा आप अपनी जेब से दे रहे हैं? यह जनता के खून-पसीने के टैक्स का पैसा है, जो सरकार उन्हें वापस लौटा रही है।”
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‘इंदौर को साफ पानी तो पिला नहीं पाए’- पूर्व विधायक
शैलेंद्र पटेल ने आगे संविधान की दुहाई देते हुए कहा कि विजयवर्गीय संविधान की वो किताब दिखा दें जिसमें धर्म के आधार पर सरकारी योजनाओं में अंतर करने का उल्लेख हो। साथ ही उन्होंने स्थानीय मुद्दों पर घेरते हुए तंज कसा कि आप इंदौर की जनता को साफ पानी तो पिला नहीं पा रहे हैं और मंचों से ऐसी बेफिजूल की बातें कर रहे हैं।

