वीरेंद्र कुमार/ नालंदा। जिले के इस्लामपुर थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां शनिवार देर रात आंधी-पानी के बीच बिजली के करंट की चपेट में आने से 56 वर्षीय लक्ष्मी चौहान की असमय मौत हो गई। इस हादसे ने कस्तूरी बीघा गांव के एक हंसते-खेलते परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।

​खेत की ओर जाते समय हुआ हादसा

​परिजनों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, लक्ष्मी चौहान शनिवार की शाम घर से किसी काम से बाहर निकले थे। आशंका जताई जा रही है कि क्षेत्र में हुई तेज आंधी और बारिश के कारण बिजली का तार टूटकर या खंभे में करंट उतर आया था। जैसे ही वे वहां से गुजरे, अनजाने में बिजली के पोल या तार की चपेट में आ गए। करंट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि वे बुरी तरह झुलस गए।

​अस्पताल ले जाने का मौका न मिला

​घटना की जानकारी मिलते ही परिजन उन्हें आनन-फानन में इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल ले गए, लेकिन दुर्भाग्यवश डॉक्टरों ने उन्हें देखते ही मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक बिजली के झटके के कारण उनकी घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई थी। पुलिस को सूचना मिलने पर इस्लामपुर थानाध्यक्ष रणविजय कुमार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बिहार शरीफ सदर अस्पताल भेज दिया। पोस्टमार्टम प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।

​परिवार का सहारा छिन गया

​मृतक लक्ष्मी चौहान अपने परिवार के एकमात्र सहारा थे। वे मेहनत-मजदूरी कर अपना और अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। परिवार में चार बेटियां और दो बेटे हैं। खुशी की बात है कि उनकी चारों बेटियों का विवाह हो चुका है, लेकिन पिता के निधन से बच्चों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनका बड़ा बेटा जो बाहर रहकर मजदूरी करता है, पिता की हृदयविदारक खबर सुनते ही घर के लिए रवाना हो गया है।

​पुलिस जांच जारी

​इस मामले पर थानाध्यक्ष रणविजय कुमार ने बताया कि अभी तक परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत या आवेदन नहीं मिला है। फिलहाल पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच कर रही है। आवेदन प्राप्त होते ही आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू की जाएगी। पूरे गांव में इस घटना को लेकर शोक की लहर है और ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है।