कुंदन कुमार, पटना। नीट पेपर लीक मामले को लेकर बीते 25 जुलाई को बिहार बंद के दौरान पटना में हुए हिंसक (Patna Violence) प्रदर्शन मामले में पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। आंदोलन के दौरान उपद्रव करने वाले छात्रों की कल बड़ी संख्या में गिरफ्तारी की गई। रविवार की आधी रात को छज्जूबाग जज आवास पर करीब 200 छात्रों की पेशी हुई। गिरफ्तार छात्रों पर बीएनएस की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
87 छात्रों को भेजा बेउर जेल
गिरफ्तार किए गए छात्रों में से 87 छात्रों को देर रात बेउर जेल भेज दिया गया। वकीलों ने बताया कि, सभी छात्रों को जज के आवास पर पेश किया गया, लेकि उन्हें जमानत नहीं मिल पाई। जज ने धारा 109 (Patna Violence) लगने की वजह से बेल देने से इंकार कर दिया। पुलिस ने दो वकीलों को भी हथकड़ी के साथ कोर्ट में पेश किया। सुनवाई के दौरान जज ने गांधी मैदान थाना अध्यक्ष समेत एक अन्य पुलिसकर्मी को शो कॉज नोटिस जारी किया। इस दौरान जज आवास के बाहर परिजन अपने बच्चों का इंतजार करते नजर आए।
पटना समेत कई जिलों में हिंसक घटनाएं
गौरतलब है कि बिहार बंद के दौरान राजधानी पटना समेत कई जिलों में आंदोलन काफी उग्र (Patna Violence) हो गया था। पटना में कई जगहों पर पुलिस पर पथराव जैसी हिंसक घटनाएं सामने आई। वहीं, गांधी मैदान के पास पुलिस की गाड़ी को पलट कर उसे नष्ट कर दिया गया। छपरा में पुलिस की गाड़ी में आग लगा दी गई। इस दौरान सार्वजिनक जगहों पर जमकर तोड़फोड़ भी कई। आंदोलन के दौरान कई छात्रों और पुलिकर्मियों को गंभीर चोटे भी आईं। वहीं, सीवान में फायरिंग की भी घटना सामने आई, जिसमें गोली लगने से 3 छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। हालांकि गोली किसने चलाई, यह भी अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है।
तेज प्रताप यादव भी गिरफ्तार
पटना छात्र आंदोलन (Patna Violence) को समर्थन देने के मामले में लालू यादव के बड़े बेटे और जजद अध्यक्ष तेज प्रताप यादव को भी पटना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उन्हें 14 दिनों के लिए न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है। भाई तेज प्रताप यादव और छात्रों की गिरफ्तारी पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सरकार और प्रशासन को 24 घंटे की मोहलत दी है कि सभी लोगों को जेल से रिहा किया जाए वरना बिहार में बड़ा आंदोलन होगा।


