राउरकेला। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज राउरकेला दौरे पर रहीं, जहां तारामंडल, विज्ञान केंद्र, जनजातीय संग्रहालय और एकीकृत कमान एवं नियंत्रण केंद्र (ICCC) सहित कई महत्वपूर्ण जन परियोजनाओं का उद्घाटन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने जनसभा को संबोधित करते हुए आज के दिन को ओडिशा के लिए ऐतिहासिक बताया और राष्ट्रपति की उपस्थिति के लिए उनका आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राउरकेला ओडिशा की औद्योगिक शक्ति, सांस्कृतिक विविधता और खेल उत्कृष्टता का प्रतिनिधित्व करता है। ₹48 करोड़ की लागत से बने एकीकृत कमान और नियंत्रण केंद्र (ICCC) से शहर के प्रबंधन और सुरक्षा में सुधार होगा। वहीं, जनजातीय संग्रहालय राज्य की समृद्ध विरासत को संजोने में मदद करेगा।

इस मौके पर स्वतंत्रता सेनानी निर्मल मुंडा के सम्मान में ‘निर्मल मुंडा परिवेश पथ’ का नामकरण किया गया। मुख्यमंत्री ने ओडिशा को भारत के ‘ग्रोथ इंजन’ के रूप में स्थापित करने के लिए कई आगामी परियोजनाओं की घोषणा की। उन्होंने कहा, पारादीप, ढेंकनाल, संबलपुर, झारसुगुड़ा और राउरकेला को जोड़ने वाले औद्योगिक गलियारे का विकास किया जाएगा। ‘मेक इन ओडिशा’ और ‘उत्कर्ष ओडिशा’ जैसी पहलों के माध्यम से ₹20 लाख करोड़ के निवेश प्रस्तावों का लक्ष्य रखा गया है।

उन्होंने सेमीकंडक्टर क्षेत्र में NIT राउरकेला और परला महाराजा इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्रों के योगदान की सराहना की।मुख्यमंत्री ने नागरिकों से आह्वान किया कि वे राउरकेला को स्वच्छ और समृद्ध बनाने में अपना योगदान दें। उन्होंने ‘विकसित ओडिशा 2036’ (ओडिशा राज्य के 100 वर्ष) और ‘विकसित भारत 2047’ के विजन को साकार करने के संकल्प को दोहराया।

