कर्ण मिश्रा, ग्वालियर। मध्य प्रदेश के जीवाजी विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। बीएससी थर्ड ईयर की परीक्षा के दौरान गंभीर लापरवाही सामने आई है। गुना जिले के शासकीय कॉलेज आरोन में 4 अप्रैल की निर्धारित परीक्षा से पहले ही फिजिक्स का पेपर छात्रों को बांट दिया गया। इस गलती के कारण विश्वविद्यालय प्रशासन को पूरा पेपर निरस्त करना पड़ा।
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वहीं इस घटना से 20 हजार से अधिक छात्र प्रभावित हुए हैं। जीवाजी विश्वविद्यालय ने तुरंत संज्ञान लेते हुए आरोन कॉलेज में हुई इस परीक्षा को निरस्त कर दिया है। विश्वविद्यालय ने अब इन छात्रों की परीक्षा मई महीने में दोबारा आयोजित करने का फैसला किया है।
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वहीं कॉलेज प्रिंसिपल ने परीक्षा केंद्र अधीक्षक डॉ. शीमा कुरेशी को तत्काल पद से हटा दिया है। विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था पर छात्रों और अभिभावकों में काफी नाराजगी है। यह घटना जीवाजी विश्वविद्यालय की परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल उठा रही है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बात कही है।

