विकास कुमार/सहरसा। जिले में अपराधियों के हौसले किस कदर बुलंद हैं, इसकी एक बानगी हालिया घटना से मिलती है। शहर के पशुपालन कॉलोनी इलाके में एक सरकारी भवन निर्माण ठेकेदार को केवल इस संदेह में गोली मार दी गई कि उन्होंने उत्पाद विभाग को अवैध शराब के कारोबार की सूचना दी थी। इस दुस्साहसिक वारदात के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोगों के बीच भारी रोष व्याप्त है।
पशुपालन कॉलोनी में हुई सनसनीखेज वारदात
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरी घटना शनिवार की शाम को घटी। घायल ठेकेदार की पहचान 54 वर्षीय दिनेश प्रसाद यादव के रूप में हुई है, जो इलाके में सरकारी भवन निर्माण का ठेका लेते हैं। शनिवार की शाम को कुछ असामाजिक तत्वों और अवैध शराब के कारोबार में संलिप्त लोगों के साथ विवाद हो गया। विवाद इस बात को लेकर था कि दिनेश प्रसाद यादव या उनके करीबियों ने कथित तौर पर उत्पाद विभाग को अवैध शराब के धंधे की पुख्ता गुप्त सूचना दी थी।
इसी रंजिश के चलते आरोपी रोशन कुमार और उसके अन्य साथियों ने दिनेश प्रसाद यादव के साथ बहस शुरू कर दी और मामला बढ़ने लगा। देखते ही देखते स्थिति हिंसक हो गई और विवाद को शांत कराने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचे दिनेश प्रसाद यादव पर बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इस हमले में एक गोली दिनेश प्रसाद यादव के दाहिने हाथ के बाजू में जा लगी, जिससे वे लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। घटना को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार होने में कामयाब रहे।
परिजनों की कार्रवाई और अस्पताल में इलाज
गोलीबारी की इस अचानक हुई घटना से मौके पर अफरातफरी मच गई। परिजनों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत घायल दिनेश प्रसाद यादव को उठाया और इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल के चिकित्सकों ने तत्परता दिखाते हुए उनका उपचार शुरू किया। डॉक्टरों के बुलेटिन के अनुसार, गनीमत यह रही कि गोली उनके महत्वपूर्ण अंगों को बचाते हुए बाजू को छूकर निकल गई, जिससे समय पर इलाज मिलने के कारण उनकी हालत फिलहाल खतरे से पूरी तरह बाहर है और वे तेजी से रिकवर कर रहे हैं।
पुलिस जांच और प्रशासनिक कार्रवाई
वारदात की सूचना मिलते ही सदर थाना पुलिस हरकत में आ गई और तुरंत घटनास्थल पर पहुंच कर मामले की गहन छानबीन शुरू कर दी। पुलिस टीम ने अस्पताल जाकर घायल और उनके परिजनों से घटना की विस्तृत जानकारी ली। घायल ठेकेदार के बेटे हरितेश कुमार ने पुलिस को दिए अपने बयान में रोशन कुमार और उसके सहयोगियों पर सीधे तौर पर गोली चलाने का गंभीर आरोप लगाया है।
सदर एसडीपीओ आलोक कुमार ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को इस मामले की शिकायत मिल चुकी है और विभिन्न पहलुओं पर बारीकी से तफ्तीश की जा रही है। पुलिस घटनास्थल के आसपास और रास्तों पर लगे तमाम सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपियों के आने-जाने के रास्तों और उनकी पहचान पुख्ता की जा सके। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों के लिखित बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर बहुत जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।


