अविनाश श्रीवास्तव/सासाराम। जिले के करगहर थाना क्षेत्र अंतर्गत गोखुलपुर गांव में एक घटना सामने आई है। घर के अंदर बिजली का अर्थिंग ठीक कर रहे 31 वर्षीय युवक उमाशंकर राम की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक सूरज राम का पुत्र था। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
क्या है पूरी घटना?
मिली जानकारी के अनुसार उमाशंकर राम मंगलवार को अपने घर में बिजली के अर्थिंग का तार दुरुस्त करने का कार्य कर रहा था। काम के दौरान अचानक वह उच्च वोल्टेज की चपेट में आ गया। बिजली का झटका इतना जोरदार था कि वह बुरी तरह झुलस गया। उस वक्त घर के अंदर उमाशंकर अकेला था और मुख्य दरवाजा अंदर से बंद था जिसके कारण आसपास के लोगों को हादसे की भनक तक नहीं लगी।
दरवाजा तोड़कर पहुंचे परिजन
काफी देर तक उमाशंकर की कोई आहट न मिलने और कोई जवाब न देने पर परिजनों को अनहोनी का अंदेशा हुआ। ग्रामीणों और परिजनों ने सीढ़ी के सहारे घर में प्रवेश करने का प्रयास किया। जब वे अंदर पहुंचे तो देखा कि उमाशंकर अचेत अवस्था में जमीन पर पड़ा था। आनन-फानन में उसे गंभीर हालत में उपचार के लिए स्थानीय अस्पताल ले जाया गया लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही करगहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद शव को अपने कब्जे में लिया। पंचनामा तैयार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए सासाराम सदर अस्पताल भेजा गया है। करगहर थाना प्रभारी ने बताया कि परिजनों के बयान और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए सौंपा जाएगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
गांव में पसरा मातम
उमाशंकर की असमय मौत से पूरे गोखुलपुर गांव में मातम का माहौल है। परिजनों का कहना है कि उमाशंकर मिलनसार व्यक्ति था और उसकी मौत ने परिवार की खुशियां छीन ली हैं। घटना के बाद से बिजली विभाग की कार्यप्रणाली और घरेलू स्तर पर बिना सुरक्षा उपकरणों के बिजली का काम करने को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। पुलिस प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि बिजली से संबंधित किसी भी प्रकार के कार्य के लिए विशेषज्ञ इलेक्ट्रीशियन की ही मदद लें।

