मधेपुरा। जिले में ऑनर किलिंग का एक खौफनाक मामला सामने आया है, जहां एक पिता और चाचा ने मिलकर अपनी 20 वर्षीय बेटी अलका की हत्या कर दी, जबकि प्रेमी ने अपनी ही नवजात बच्ची का गला घोंटकर उसे पुल से नीचे फेंक दिया। पुलिस ने मुख्य आरोपी पिता अम्बेद भारती, चाचा तपेश और प्रेमी रिशु को गिरफ्तार कर लिया है।

​फेसबुक से प्यार और फिर धोखा

जून 2024 में अलका की दोस्ती गांव के ही रिशु से फेसबुक के जरिए हुई थी। नजदीकियां बढ़ीं और अलका गर्भवती हो गई। रिशु ने गर्भपात का दबाव बनाया, लेकिन अलका के इनकार के बाद दोनों में अनबन हो गई। जब अलका के पिता (जो एक स्कूल प्रिंसिपल हैं) को इसकी भनक लगी, तो उन्होंने घर में ही हत्या की साजिश रच डाली।

​अस्पताल से मौत का सफर

13 फरवरी 2024 को अलका ने एक बच्ची को जन्म दिया। गंभीर हालत का फायदा उठाकर पिता और चाचा उसे बेहतर इलाज के बहाने घर ले गए और गला घोंटकर उसकी जान ले ली। साक्ष्य मिटाने के लिए शव को भागलपुर ले जाया जा रहा था, लेकिन पुलिस ने रास्ते में ही इसे बरामद कर लिया। उधर, प्रेमी रिशु ने नवजात बच्ची की हत्या कर उसका शव थैले में भरकर एनएच-106 के पुल के नीचे फेंक दिया।

​DNA टेस्ट से खुला राज

शुरुआत में पिता ने प्रेमी पर यौन शोषण का आरोप लगाकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की। हालांकि, तकनीकी जांच और मां, बच्ची व आरोपियों के DNA मिलान ने सच सामने ला दिया। कड़ाई से पूछताछ में तीनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।