किशनगंज। मध्य प्रदेश के इंदौर से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है। यहां बंगाली चौराहे के पास स्थित ग्रेटर बृजेश्वरी कॉलोनी में बुधवार तड़के भीषण आग लगने से बिहार के किशनगंज निवासी एक ही परिवार के 6 सदस्यों समेत कुल 7 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। यह परिवार कैंसर के इलाज के सिलसिले में इंदौर गया था, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।

​EV चार्जिंग के दौरान शॉर्ट सर्किट बना काल

​हादसे की शुरुआत बुधवार तड़के करीब 4 बजे हुई। बताया जा रहा है कि पुगलिया परिवार के घर के बाहर एक इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग पर लगी थी। इसी दौरान चार्जिंग पॉइंट में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ और कार ने आग पकड़ ली। देखते ही देखते आग की लपटों ने तीन मंजिला मकान को अपने घेरे में ले लिया।

​सिलेंडर ब्लास्ट ने छीना संभलने का मौका

​आग जैसे ही घर के भीतर पहुंची, वहां रखे गैस सिलेंडरों ने उसे और भयावह बना दिया। आग की गर्मी से एक के बाद एक कई सिलेंडरों में जोरदार धमाके हुए। विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि मकान का एक हिस्सा ढह गया। गहरी नींद में सो रहे लोगों को बाहर निकलने या जान बचाने का कोई मौका तक नहीं मिल सका। इस हादसे में 3 अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जिनका इलाज जारी है।

​इलाज कराने गए थे इंदौर

​मृतकों की पहचान किशनगंज के प्रतिष्ठित कॉस्मेटिक कारोबारी विजय सेठिया (65), उनकी पत्नी सुमन (60), बेटा छोटू सेठिया (22), मनोज (65), सिमरन (30) और 12 वर्षीय मासूम राशि सेठिया के रूप में हुई है। परिजनों के मुताबिक, विजय सेठिया जबड़े के कैंसर से जूझ रहे थे और अपने ऑपरेशन के लिए ही परिवार के साथ इंदौर में अपनी बेटी-दामाद के घर रुके थे।

​किशनगंज में शोक की लहर

​विजय सेठिया किशनगंज टाउन थाना क्षेत्र के रहने वाले थे और वहां उनकी दो दुकानें थीं। पड़ोसियों ने बताया कि वे हाल ही में अपना नया घर भी बनवा रहे थे, जिसके लिए खरीदारी भी पूरी कर ली गई थी। इस सामूहिक मृत्यु की खबर से पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।