वीरेंद्र कुमार, नालंदा। रक्षाबंधन की छुट्टियों में घर आए बिहार पुलिस के एक कांस्टेबल की पानी निकालने के दौरान बिजली का करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना से काशीचक थाना क्षेत्र के महारथ गांव और मृतक के पूरे परिवार में कोहराम मच गया है।
अररिया में तैनात थे कांस्टेबल मोहन कुमार
मृतक की पहचान महारथ गांव के रहने वाले बैजू चौधरी के 40 वर्षीय पुत्र मोहन कुमार के रूप में हुई है। मोहन कुमार वर्तमान में अररिया जिले में बिहार पुलिस के पद पर सेवा दे रहे थे। हाल ही में उन्होंने डुमरांव से अपना पीटीसी (प्रशिक्षण कोर्स) पूरा किया था और त्योहार के अवसर पर अवकाश लेकर अपने पैतृक आवास आए हुए थे।

मृतक का प्रोफाइल फोटो
मोटर से पानी निकालते समय हुआ घातक हादसा
शुक्रवार को मोहन कुमार अपने घर पर मोटर चलाकर जमा हुआ पानी बाहर निकाल रहे थे। इसी दौरान अचानक बिजली का बोर्ड पानी की चपेट में आ गया, जिससे पूरे मोटर और उपकरण में तेज करंट दौड़ गया। मोहन कुमार अनजाने में इसकी चपेट में आ गए और गंभीर रूप से प्रवाहित विद्युत धारा की गिरफ्त में फंस गए।
पत्नी और बेटे को भी लगा झटका, बचाने के प्रयास रहे विफल
हादसे के वक्त मौके पर मौजूद उनकी पत्नी और बेटे ने जब उन्हें बचाने की कोशिश की, तो वे भी करंट के झटके की चपेट में आ गए, हालांकि वे मामूली रूप से प्रभावित हुए। वहीं, मोहन कुमार को जबरदस्त करंट लगने से वे मौके पर ही अचेत होकर गिर पड़े। परिवार वालों ने आनन-फानन में उन्हें गंभीर हालत में पहले नवादा और फिर बिहारशरीफ के निजी अस्पताल पहुंचाया। हालात में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर किया, जिसके बाद परिजन उन्हें बिहारशरीफ मॉडल अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
ड्यूटी के लिए निकलने वाले थे जवान, घर में पसरा मातम
अस्पताल में मौत की पुष्टि होते ही परिजनों की चीख-पुकार से पूरा माहौल गमगीन हो गया। सबसे दुखद पहलू यह है कि मोहन कुमार की छुट्टियां समाप्त हो चुकी थीं और उन्हें शुक्रवार की शाम को ही अपनी ड्यूटी पर वापस लौटना था। जिस घर से वह हंसते हुए अपनी वर्दी पहनकर कर्तव्य पथ पर लौटने की तैयारी कर रहे थे, उसी घर से उनकी अंतिम यात्रा यानी अर्थी निकली। इस आकस्मिक निधन से पत्नी और उनके चार छोटे-छोटे बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया है, जिससे पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।



