पानीपत। हरियाणा के पानीपत में अवैध हथियारों की सप्लाई से पहले ही पुलिस ने बड़ी खेप पकड़ ली। रसलापुर ड्रेन के पुल के पास एक संदिग्ध व्यक्ति बैग लेकर खड़ा था। पुलिस को उसके पास हथियार होने की सूचना मिली थी। CIA-1 और थाना बापौली की टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर आरोपी को काबू कर लिया।

पुलिस के हाथ लगे आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के शामली जिले के जलालाबाद गांव निवासी आरिफ के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके पास मौजूद बैग खोला गया तो उसमें हथियार और कारतूस मिले। पुलिस के मुताबिक बैग से कुल 10 देसी पिस्तौल और 26 जिंदा कारतूस बरामद किए गए।

बरामद हथियारों में 12 बोर की तीन देसी पिस्तौल और 315 बोर की सात पिस्तौल शामिल हैं। इसके अलावा पुलिस को 12 बोर के 22 और 315 बोर के चार जिंदा कारतूस भी मिले। हथियारों और कारतूसों को पुलिस ने कब्जे में लेकर नियमानुसार सील कर दिया।

पूछताछ में खुलेगा हथियार सप्लाई नेटवर्क का राज

पुलिस के अनुसार आरोपी अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त और सप्लाई से जुड़ा हुआ है। ऐसे में जांच का दायरा अब आरोपी की गिरफ्तारी से आगे बढ़ गया है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरिफ हथियारों की यह खेप कहां से लेकर आया था और पानीपत में इसे किसे सौंपना था।

जांच में यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस अवैध हथियार कारोबार में आरोपी के साथ और कौन लोग जुड़े हुए हैं। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान हथियारों की सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों और नेटवर्क के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।

SP ने प्रेसवार्ता में किया कार्रवाई का खुलासा

पानीपत पुलिस की कार्रवाई का खुलासा SP मेधा भूषण ने प्रेसवार्ता के दौरान किया। पुलिस ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर टीमों ने कार्रवाई को अंजाम दिया और आरोपी को हथियारों की खेप के साथ पकड़ा गया।

फिलहाल आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है। बरामद हथियारों की जांच और आरोपी से पूछताछ के आधार पर पुलिस अब इस नेटवर्क की आगे की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पुलिस का फोकस यह पता लगाने पर है कि अवैध हथियारों की यह खेप पानीपत में किस उद्देश्य से लाई गई थी और इसके पीछे कौन-कौन लोग सक्रिय हैं।