अविनाश श्रीवास्तव, रोहतास। जिले के डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (EO) विमल कुमार की हत्या कर दी गई है। यह घटना तब घटी जब वे बीती देर रात अपनी कार से डेहरी से पटना लौट रहे थे। अपराधियों ने औरंगाबाद जिले के बारुण थाना क्षेत्र के धनौती पुल के पास इस वारदात को अंजाम दिया। मृतक अधिकारी के शरीर पर गंभीर चोटों के कई निशान पाए गए हैं।
कैसे हुई घटना?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार कल देर रात कार द्वारा पटना के लिए रवाना हुए थे। रास्ते में औरंगाबाद के बारुण के पास कुछ अज्ञात अपराधियों ने उनकी गाड़ी को ओवरटेक कर रोक लिया। इसके बाद बदमाशों ने उनके ड्राइवर को अपने कब्जे में ले लिया और विमल कुमार के साथ लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से जमकर मारपीट की। इस वीभत्स हमले में वे गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही औरंगाबाद और रोहतास जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तुरंत हरकत में आए और मौके पर पहुंचे। घायल अवस्था में उन्हें इलाज के लिए जमुहार स्थित नारायण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (NMCH) ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
शरीर पर मिले गंभीर चोट के निशान
शुरुआती तौर पर यह चर्चा थी कि अधिकारी को गोली मारी गई है। हालांकि, अस्पताल पहुंचने के बाद उनके शरीर पर मारपीट और धारदार हथियारों के जख्मों के गहरे निशान मिले। सिविल सर्जन डॉ. मणिराज रंजन का कहना है कि शुरुआती जांच में गोली लगने की बात पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई है। मौत के वास्तविक कारणों और हथियारों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। फिलहाल पुलिस और प्रशासन के अधिकारी इस मामले में कुछ भी खुलकर बोलने से बच रहे हैं।
मूल रूप से गया के रहने वाले थे विमल कुमार
मृतक कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार मूल रूप से गयाजी जिले के शेरघाटी के रहने वाले थे। उनका पूरा परिवार वर्तमान में पटना में निवास करता है। उनके परिवार में उनकी पत्नी, एक पुत्री और एक छोटा पुत्र है। घटना की सूचना मिलते ही उनका पूरा परिवार और रिश्तेदार सासाराम पहुंच गए हैं। स्थानीय सदर अस्पताल में उनके शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।
पुलिस कर रही है सघन जांच
इस हाई-प्रोफाइल हत्या के पीछे की असल वजह अभी तक पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस इसे सोची-समझी साजिश मानकर विभिन्न पहलुओं से गहराई से जांच कर रही है। औरंगाबाद पुलिस की विशेष टीमें अपराधियों की सुरागकशी में जुटी हुई हैं और आसपास के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा रहा है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही इस घटना का उद्भेदन कर अपराधियों को सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।


