पटना (दानापुर): राजधानी के दानापुर इलाके में बेखौफ चोरों ने पुलिसिया गश्त को चुनौती देते हुए बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। अशोपुर स्थित एक्वा सिटी फेज-3 के पीछे दो बंद मकानों को निशाना बनाकर चोरों ने करीब 10 लाख रुपये मूल्य की ज्वेलरी और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है और स्थानीय लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं।
सैनिक के घर को बनाया निशाना
घटना का मुख्य केंद्र भारतीय सेना के जवान मनोज कुमार सिंह का आवास रहा। मनोज कुमार 10 मई को अपने परिवार के साथ पैतृक गांव मुजफ्फरपुर गए हुए थे। बुधवार की शाम जब वे वापस लौटे, तो घर का नजारा देखकर दंग रह गए। मुख्य द्वार की कुंडी कटी हुई थी और अंदर सारा सामान बिखरा पड़ा था। चोरों ने गोदरेज के लॉकर को बड़ी बेरहमी से तोड़कर उसमें रखे सोने-चांदी के कीमती जेवरात और नकदी चोरी कर ली। मनोज कुमार सिंह ने तुरंत इसकी सूचना दानापुर थाना पुलिस को दी।
पड़ोसी के घर में भी हुई सेंधमारी
चोरों ने केवल मनोज कुमार के घर तक ही खुद को सीमित नहीं रखा। उन्होंने बगल में रहने वाले अभिषेक कुमार के बंद घर का भी ताला तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि वहां से भी लाखों की संपत्ति चोरी हुई है। अभिषेक कुमार फिलहाल शहर से बाहर हैं, जिन्हें फोन पर सूचित कर दिया गया है। उनके आने के बाद ही पड़ोसी के घर से हुई सटीक चोरी का विवरण और कुल नुकसान का सही आकलन हो सकेगा।
पुलिस की जांच और सीसीटीवी की तलाश
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस मौके पर पहुंची और फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाए। पुलिस अब कॉलोनी और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है, ताकि अपराधियों के आने-जाने के रूट और उनकी पहचान का सुराग मिल सके। थानाध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि संदिग्धों की पहचान के लिए विशेष टीम काम कर रही है और जल्द ही गिरोह को दबोच लिया जाएगा।
गश्त पर उठे सवाल
इस बड़ी चोरी ने स्थानीय सुरक्षा तंत्र की पोल खोल दी है। निवासियों का आरोप है कि एक्वा सिटी के आसपास के इलाकों में रात के समय पुलिस गश्त न के बराबर होती है, जिसका फायदा उठाकर अपराधी आसानी से बंद घरों को निशाना बना रहे हैं। लोगों ने मांग की है कि क्षेत्र में गश्त बढ़ाई जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

