सोहराब आलम/मोतिहारी। बिहार सरकार के अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण मंत्री लखिन्द्र कुमार रौशन ने आज मोतिहारी स्थित आंबेडकर छात्रावास का दौरा किया। यहां उन्होंने निर्माणाधीन नए हॉस्टल ब्लॉक का गहन निरीक्षण किया और कार्य की गुणवत्ता को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने छात्रावास में रह रहे छात्रों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली।

​शिक्षा के लिए ऐतिहासिक पहल

​छात्रों को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं। उन्होंने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि अब अनुसूचित जाति और जनजाति के मेधावी छात्र यदि देश के प्रतिष्ठित संस्थानों या विदेश में भी शिक्षा प्राप्त करना चाहते हैं, तो उनकी पढ़ाई का पूरा खर्च बिहार सरकार वहन करेगी। सरकार का लक्ष्य है कि आर्थिक तंगी किसी भी छात्र के भविष्य में बाधा न बने।

वंदे मातरम पर विपक्ष को नसीहत

बिहार में वंदे मातरम को लेकर छिड़े सियासी घमासान पर मंत्री ने विपक्ष को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि जो इस देश में रहता है, उसे वंदे मातरम से नफरत नहीं करनी चाहिए। उन्होंने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव का नाम लिए बिना निशाना साधते हुए कहा कि केंद्र और बिहार के विपक्ष के नेताओं को राष्ट्र से प्रेम नहीं है, इसीलिए वे इस तरह के बयान देते हैं।

​नीतीश कुमार की कुर्सी और इंतजार का मजा

​जदयू एमएलसी खालिद अनवर द्वारा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कुर्सी को लेकर दिए गए बयान पर लखिन्द्र कुमार रौशन ने रहस्यमयी अंदाज में प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, थोड़ा धैर्य रखिए और इंतजार का मजा लीजिए। समय आने पर सब कुछ स्पष्ट हो जाएगा, क्योंकि सब कुछ पहले से तय हो चुका है। उनके इस बयान ने बिहार की भावी राजनीति को लेकर नई चर्चाएं छेड़ दी हैं।