Business Desk – Sensex-Nifty Big Fall : घरेलू शेयर बाजार में आज जबरदस्त तेजी देखने को मिल रही है, जिसकी मुख्य वजह तीन बड़े कारण हैं. घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी 50 काफी ऊपर (गैप-अप) खुले. निफ्टी का हर सेक्टर इंडेक्स आज हरे निशान में कारोबार कर रहा है. मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में भी जोरदार खरीदारी देखने को मिल रही है.

कुल मिलाकर, BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैपिटलाइजेशन 13 लाख करोड़ बढ़ गया है. दूसरे शब्दों में, इस शानदार तेजी के बीच निवेशकों की संपत्ति में 13 लाख करोड़ से ज्यादा का इजाफा हुआ है. इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्स की बात करें तो, BSE सेंसेक्स अभी 77,332.94 पर कारोबार कर रहा है, जो 2,716.36 अंक (3.64%) ऊपर है, जबकि निफ्टी 50 23,921.45 पर है, जिसमें 797.80 अंकों (3.45%) की तेजी आई है.

बाजार में तेजी के तीन कारण

आज बाज़ार में आई इस जबरदस्त तेजी का मुख्य कारण अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान के साथ दो हफ्ते के लिए युद्धविराम (सीजफायर) पर सहमत होना था, जिससे पूरे एशियाई बाजारों में जोरदार तेजी देखने को मिली. बाजार में इस सकारात्मक रुझान का दूसरा बड़ा कारण युद्धविराम के चलते कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी है.

युद्धविराम के कारण, वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) कच्चे तेल की कीमतों में 19% तक की गिरावट आई है, जबकि वैश्विक बेंचमार्क, ब्रेंट क्रूड में भी 16% तक की गिरावट दर्ज की गई है. घरेलू बाजार में तेजी के माहौल का एक और अहम कारण RBI की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की आज होने वाली बैठक के नतीजों को लेकर बनी उम्मीदें हैं, जिसके ब्योरे का अभी इंतजार है.

निवेशकों की संपत्ति में 13.74 लाख करोड़ का इजाफा

ठीक एक कारोबारी दिन पहले 7 अप्रैल, 2026 को BSE पर लिस्टेड सभी शेयरों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन 4,29,26,308.76 करोड़ था. आज 8 अप्रैल, 2026 को बाजार में आई तेजी के बीच, कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन बढ़कर 4,43,00,914.91 करोड़ तक पहुंच गया. इसका मतलब है कि निवेशकों की संपत्ति में 13,74,606.15 करोड़ की बढ़ोतरी हुई है.

36 शेयरों ने एक साल का उच्चतम स्तर छुआ

आज BSE पर 2,679 शेयरों में ट्रेडिंग हो रही है. इनमें से 2,408 शेयर मजबूत दिख रहे हैं, जबकि 178 शेयरों में गिरावट का रुख है. 93 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ है. इसके अलावा, 36 शेयरों ने अपना एक साल का उच्चतम स्तर छुआ है, जबकि 11 शेयरों ने अपना एक साल का न्यूनतम स्तर छुआ है. वहीं, 123 शेयर अपने अपर सर्किट की सीमा तक पहुँच गए, जबकि 32 शेयर अपने लोअर सर्किट की सीमा तक पहुँच गए.