Business Desk – Crypto Market Decline : क्रिप्टोकरेंसी बाजार पर इस समय मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का असर दिख रहा है. अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता विफल होने के बाद, अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही पर रोक लगा दी है. इस स्थिति के बीच, कच्चे तेल की कीमतें बढ़ रही हैं. डॉलर इंडेक्स भी मजबूत हो रहा है. निवेशक जोखिम भरे एसेट्स से दूरी बना रहे हैं. आज, कुल क्रिप्टो मार्केट कैपिटलाइजेशन गिरकर $2.42 ट्रिलियन पर आ गया है.

क्रिप्टो बाजार पर होर्मुज नाकेबंदी का असर

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अमेरिकी नौसेना को होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों की नाकेबंदी करने का आदेश दिया है, जो आज सोमवार से प्रभावी है. इस घोषणा से वैश्विक बाजारों में हलचल मच गई है. बिटकॉइन सहित विभिन्न क्रिप्टोकरेंसी की कीमतों में गिरावट का रुख दिख रहा है.

आज बिटकॉइन और इथेरियम का प्रदर्शन

बिटकॉइन की कीमत 0.75% गिरकर $70,954.74 पर पहुंच गई. पिछले हफ्ते, युद्धविराम की घोषणा के बाद बाजार में तेजी आई थी. हालांकि, इससे पहले कि बाजार उस घटनाक्रम को पूरी तरह से समझ पाता, गिरावट का एक नया दौर शुरू हो गया है. पिछले 24 घंटों में, इथेरियम की कीमत 1.04% गिरकर $2,189.13 पर आ गई. इस साल, बिटकॉइन और इथेरियम के निवेशक बड़े उछाल का इंतजार ही करते रह गए हैं, क्योंकि पूरे साल के दौरान बिटकॉइन की कीमत एक बार भी $100,000 के आंकड़े को पार नहीं कर पाई है.

निवेशकों को क्या करना चाहिए?

मध्य पूर्व में बढ़ता तनाव वैश्विक बाज़ारों में बढ़ती अनिश्चितता को हवा दे रहा है. हालांकि, कई विशेषज्ञ अभी भी आशावादी हैं. उन्होंने बिटकॉइन और इथेरियम दोनों में तेज़ी आने की उम्मीद जताई है. कई बाजार विशेषज्ञ जिनमें Rich Dad Poor Dad के लेखक और अनुभवी निवेशक रॉबर्ट कियोसाकी भी शामिल हैं. लोगों को बिटकॉइन में निवेश करने की सलाह दे रहे हैं. यहां तक कि कीमतों के लिए बड़े लक्ष्य भी बता रहे हैं. हालांकि ये लक्ष्य आकर्षक लग सकते हैं, लेकिन अल्पावधि में बाजार में भारी गिरावट भी आ सकती है.

इसलिए, ऐसे समय में, जोखिम भरे एसेट्स में केवल उतनी ही पूंजी निवेश करनी चाहिए, जिसे खोने के लिए आप तैयार हों. इसके अलावा, यदि आप दीर्घावधि में बड़ा रिटर्न पाना चाहते हैं, तो आप अभी भी निवेश कर सकते हैं. सबसे अच्छा तरीका यह है कि आप अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाएं और ‘डॉलर कॉस्ट एवरेजिंग’ (Dollar Cost Averaging) की रणनीति अपनाएं.