पटना। ​बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी (BPCC) अब राज्य की नीतीश-भाजपा सरकार को घेरने के लिए आक्रामक मुद्रा में आ गई है। प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के नेतृत्व में पार्टी ने प्रेस से मिलिए नामक एक विशेष संवाद कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य राज्य के कोने-कोने में व्याप्त जनहित की समस्याओं को उजागर करना और सरकार की जवाबदेही तय करना है।

​हर जिले की समस्याओं पर होगी पैनी नजर

​राजेश राम ने इस संबंध में राज्य के सभी जिलाध्यक्षों को आधिकारिक पत्र जारी किया है। नए निर्देश के अनुसार, प्रत्येक जिलाध्यक्ष को अपने जिले की गंभीर स्थानीय समस्याओं की सूची तैयार कर हर हफ्ते प्रदेश मुख्यालय को भेजनी होगी। इसमें अपराध, लूट, बलात्कार जैसे सुरक्षा से जुड़े मुद्दे और भ्रष्टाचार व घोटालों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है।

​सदाकत आश्रम में सजेगा सवालों का घेरा

​जिलों से प्राप्त प्रमाणिक सूचनाओं के आधार पर पटना स्थित कांग्रेस मुख्यालय, सदाकत आश्रम में साप्ताहिक प्रेस वार्ता आयोजित की जाएगी। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश अध्यक्ष के साथ पार्टी के प्रवक्ता, संबंधित जिले के अध्यक्ष और प्रदेश पर्यवेक्षक मौजूद रहेंगे। पार्टी का मानना है कि तथ्यों और सबूतों के साथ सरकार से सवाल पूछने पर जनता के बीच कांग्रेस की साख बढ़ेगी।

​शिक्षा, स्वास्थ्य और किसानी पर मुख्य फोकस

​कांग्रेस इस कार्यक्रम के जरिए केवल राजनीतिक बयानबाजी नहीं, बल्कि बुनियादी ढांचे पर भी वार करेगी। इसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित मुद्दों को प्राथमिकता दी जाएगी:

  • ​शिक्षा और चिकित्सा: बदहाल सरकारी स्कूल और अस्पतालों की स्थिति।
  • ​कृषि और मजदूरी: किसानों की समस्याएं और मजदूरों का पलायन।
  • ​अमानवीय घटनाएं: राज्य में बढ़ती आपराधिक घटनाएं और सामाजिक अन्याय।

​संगठन को धार देने की कोशिश

​प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने विश्वास जताया है कि जनहित के इन ज्वलंत मुद्दों को प्रखरता से उठाने से पार्टी संगठन अधिक सक्रिय और मजबूत बनेगा। उन्होंने जिलाध्यक्षों से आग्रह किया है कि वे न केवल मुख्यालय को सूचना भेजें, बल्कि जिला स्तर पर भी इसी तर्ज पर साप्ताहिक कार्यक्रम आयोजित कर स्थानीय प्रशासन को आईना दिखाएं।