मुजफ्फरपुर। जिले में बेखौफ अपराधियों ने एक बार फिर पुलिसिया तंत्र को चुनौती दी है। ताजा मामला करजा थाना क्षेत्र का है, जहां सोमवार को बाइक सवार सशस्त्र अपराधियों ने जेडीयू नेता धनंजय शर्मा के भाई और प्रतिष्ठित व्यवसायी देवेश शर्मा को अपना निशाना बनाया। लूटपाट में विफल रहने पर बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिसमें वे बाल-बाल बच गए।
विरोध करने पर झोंक दिया फायर
मिली जानकारी के अनुसार, व्यवसायी देवेश शर्मा सोमवार को किसी कार्यवश पकड़ी पुल के समीप से गुजर रहे थे। इसी दौरान घात लगाए बाइक सवार अपराधियों ने उन्हें बीच रास्ते में रोक लिया। अपराधियों ने पिस्टल की नोक पर उनके गले से सोने की चेन छीनने का प्रयास किया। जब देवेश शर्मा ने साहस दिखाते हुए इसका कड़ा विरोध किया, तो अपराधियों ने दहशत फैलाने और जान लेने की नीयत से उन पर गोली चला दी। संयोग अच्छा रहा कि गोली उन्हें नहीं लगी और वे सुरक्षित बच गए। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी हथियार लहराते हुए मौके से फरार हो गए।
पुलिस तफ्तीश और साक्ष्यों का संकलन
दिनदहाड़े हुई इस गोलीबारी से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही डायल-112 की टीम और करजा थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया और वहां से एक खोखा बरामद किया है, जो अपराधियों की मौजूदगी की पुष्टि करता है। पुलिस अब इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तकनीकी साक्ष्यों पर काम कर रही है।
सीसीटीवी फुटेज से पहचान की कोशिश
करजा पुलिस ने अपराधियों की धरपकड़ के लिए जाल बिछा दिया है। थाना क्षेत्र के विभिन्न मार्गों और पकड़ी पुल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि बाइक की पहचान और अपराधियों के हुलिए का पता लगाया जा सके। पुलिस प्रशासन का दावा है कि अपराधियों को जल्द ही चिह्नित कर सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा। फिलहाल, इस घटना के बाद स्थानीय व्यवसायियों में असुरक्षा का माहौल देखा जा रहा है।
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें English में पढ़ने यहां क्लिक करें
- खेल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
- मनोरंजन की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें

