20 या 21 भारत में कब है ईद-उल-फितर, तारीख में क्यों होता है बदलाव?

ईद-उल-फितर की तारीख चांद के दिखने पर निर्भर होती है। इस्लामिकल कैलेंडर चांद की गति पर आधारित होता है।

ऐसे में पहले से ईद की कंफर्म तारीख का निश्चिक कर पाना मुश्किल है

अगर चांद 19 मार्च की शाम को दिखाई देता है, तो ईद 20 मार्च को मनाई जाएगी

वहीं अगर चांद 20 की रात में दिखा, तो ईद 21 को होगी

ईद आते ही इस्लामी कैलेंडर के दसवें महीने शव्वाल शुरू हो जाता है

आखिर हर साल त्योहार की तारीख में बदलाव क्यों होता है?  इसके पीछे मुख्य दो कारण होते हैं। पहला चांद दिखने की स्थिति और दूसरा चंद्र कैलेंडर

दुनिया भर में इस्तेमाल होने वाला ग्रेगोरियन कैलेंडर सूर्य पर आधारित होता है, जबकि इस्लामिक कैलेंडर चंद्रमा पर आधारित होता है

चंद्र कैलेंडर सूर्य कैलेंडर से लगभग 10-11 दिन छोटा होता है। यही कारण है कि हर साल ईद पिछले साल के मुकाबले 10 से 11 दिन पहले आती है.