अयोध्या. राजघाट में बाटी वाले बाबा आश्रम के पास श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ में भीषण आग लग गई. इस दुर्घटना को लेकर अखिलेश यादव ने प्रबंधन और प्रशासन पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि ये हादसा प्रबंधन की कमी को दर्शाता है. उन्होंने इस घटना की जांच की मांग की है. उन्होंने इस यज्ञ के लिए वसूली करने का भी आरोप लगाया. इसके लिए उन्होंने जनता का हवाला दिया. 

अखिलेश ने एक पोस्ट साझा कर लिखा कि ‘अयोध्या में यज्ञ के बाद लगी आग सही प्रबंधन-प्रशासन की कमी को दर्शाती है. आशा है सब सुरक्षित होंगे. इस बात की जांच हो कि इस यज्ञ की व्यवस्था के पीछे जो आर्थिक और मानवीय स्रोत लगे थे, उनके पीछे कौन था. जनता में फैली ये बात बेहद निंदनीय है कि इस यज्ञ के नाम पर मंत्री जी से संबंधित विभाग से विभागीय स्तर पर बड़ी वसूली हुई और पैसे बचाने के चक्कर में विशेषज्ञों की देखरेख के बिना ही ये आयोजन हुआ.’

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बता दें कि इस घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई, प्रशासन ने घटना स्थल को खाली कराया. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हवन के दौरान तेज हवाओं के कारण चिंगारी भड़क गई और आग लग गई. मंत्री दयाशंकर सिंह का कहना है कि 9 दिवसीय यज्ञ का आयोजन किया गया था, जिसकी पूर्णाहुति घटना के डेढ़ घंटे पहले हुई थी. घटना कैसे हुई इसकी जानकारी नहीं है, जब यज्ञशाला में आग लगी तो समय यज्ञशाला खाली हो चुकी थी. इस घटना में कोई भी जनहानि नहीं हुई है. हालांकि, मंत्री ने कहा कि दूसरी जगह 700 मीटर दूर पर आग लगी और यह आग कैसे लगी इसको लेकर के भी संशय बरकरार है.

इस घटना में 3-4 लोगों के झुलसने की संभावना है, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है. हालांकि, अभी तक इसकी पुष्टि नहीं है. जानकारी के मुताबिक 108 कुंडीय महायज्ञ के समापन के बाद भड़की आग से तीन जगह पर भयंकर आग लग गई. दमकलकर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया. इस दौरान जिलाधिकारी और एसपी भी मौजूद रहे.