Rajasthan weather Alert: राजस्थान में शुक्रवार को मौसम ने ऐसी करवट ली कि देखते ही देखते चारों तरफ तबाही का मंजर नजर आने लगा। एक बेहद सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) की वजह से राज्य के बड़े हिस्से में तेज आंधी के साथ मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि हुई है।

इन 4 जिलों में सबसे ज्यादा तबाही
ग्राउंड जीरो से मिली जानकारी के अनुसार, उत्तरी राजस्थान में कुदरत का सबसे कड़ा प्रहार देखने को मिला है। मौसम विभाग (IMD) के जयपुर केंद्र ने पुष्टि की है कि पिछले 24 घंटों में इन जिलों श्रीगंगानगर (पदमपुर में सबसे ज्यादा 11.5 mm बारिश), हनुमानगढ़, बीकानेर और जैसलमेर में रिकॉर्ड बारिश हुई ।
बता दें कि श्रीगंगानगर के अर्जुनसर और राजियासर इलाके में दोपहर को करीब 15 मिनट तक जमकर ओले गिरे। स्थानीय किसानों का कहना है कि इतने बड़े आकार के ओले उन्होंने बरसों बाद देखे हैं, जिससे पूरा खेत सफेद चादर से ढक गया।
धूल भरी आंधी और सस्पेंस भरा मौसम
दरअसल, केवल बारिश ही नहीं बल्कि 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली धूल भरी आंधी ने भी जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। चूरू के सरदारशहर में तो दोपहर में ही अंधेरा छा गया। वहीं, राजधानी जयपुर, अजमेर, सीकर और नागौर में भी दिन भर बादलों की लुका-छिपी बनी रही और रुक-रुक कर बौछारें पड़ती रहीं।
अगले 48 घंटे भारी: मौसम विभाग की चेतावनी
गौरतलब है कि मौसम का यह मिजाज अभी शांत होने वाला नहीं है। मौसम विभाग ने शनिवार (4 अप्रैल) के लिए विशेष बुलेटिन जारी किया है। जिसके अनुसार उदयपुर, अजमेर, कोटा, जयपुर और भरतपुर संभाग में तेज आंधी और बारिश की प्रबल संभावना है। इसी के साथ ही 5 और 6 अप्रैल को थोड़ी राहत मिल सकती है, लेकिन 7 अप्रैल को एक और मजबूत सिस्टम सक्रिय हो रहा है, जो फिर से मुश्किलें बढ़ाएगा।
पढ़ें ये खबरें
- हर-हर महादेव… काशी विश्वनाथ मंदिर में CM योगी ने की पूजा अर्चना, स्कूल चलो अभियान का करेंगे शुभारंभ
- छत्तीसगढ़ में पैथोलॉजी जांच HLL को सौंपने पर विवाद, कांग्रेस ने नियमों पर उठाए सवाल
- दिल्ली मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ: डिप्टी लीडर के पद से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा का ‘आम आदमी’ को मैसेज, राघव चड्ढा के बयान पर आतिशी ने साधा निशाना, ड्राइविंग लाइसेंस के लिए फिर से खुलेंगी 13 जोनल ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी, दिल्ली में फिर होगी आर्टिफिशियल बारिश की तैयारी, पशु कल्याण की दिशा में दिल्ली सरकार का अहम कदम
- बिहार के 264 नगर निकायों में 15 से 20 अप्रैल तक चुनाव, एक ही दिन में नामांकन, वोटिंग और शपथ
- स्वास्थ्य विभाग में घोटाले मामले में बड़ी कार्रवाईः सीएमएचओ सस्पेंड, डीपीएम और फार्मासिस्ट पर भी गिरी गाज
