मुजफ्फरपुर। शहर में प्रेम संबंधों का एक खौफनाक अंत सामने आया है, जहां प्रतिशोध की आग में जलते पति-पत्नी ने मिलकर प्रेमी की बेरहमी से हत्या कर दी। साक्ष्यों को मिटाने के लिए शव को जलाकर मिट्टी में दफन कर दिया गया, लेकिन कानून के हाथों से वे बच नहीं सके।

​प्रेम-प्रसंग में खौफनाक वारदात

​बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत बेरुआ गांव में इस सनसनीखेज हत्याकांड को अंजाम दिया गया। मृतक की पहचान 28 वर्षीय बिगन राम के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, बिगन राम का रामप्रवेश पासवान की पत्नी शोभा देवी के साथ अवैध संबंध था। रामप्रवेश को इस बात की भनक लग चुकी थी और वह अक्सर इसका विरोध करता था। इसी रंजिश ने अंततः एक हिंसक रूप ले लिया और रविवार की रात बिगन की मौत का जाल बिछाया गया।

​साजिश के तहत हत्या और साक्ष्य मिटाने की कोशिश

​आरोप है कि रविवार देर रात रामप्रवेश पासवान, उसकी पत्नी शोभा देवी और सहयोगी गोरख पासवान ने बिगन राम को धोखे से घर बुलाया। वहां उसे कथित तौर पर जहरीला पदार्थ खिलाया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपियों ने अपराध के निशान मिटाने के लिए बेहद शातिर तरीका अपनाया। वे शव को कदाने नदी के किनारे ले गए, जहां उसे जलाने का प्रयास किया गया। जब शव पूरी तरह नहीं जला, तो उन्होंने अधजले अवशेषों को वहीं जमीन खोदकर दफना दिया।

​पुलिस की त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारी

​घटना की सूचना मिलते ही पुलिस सक्रिय हुई। एसडीपीओ पूर्वी-2 मनोज कुमार सिंह के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात के महज 12 घंटों के भीतर दो मुख्य आरोपियों, रामप्रवेश पासवान और गोरख पासवान को धर दबोचा। पुलिस ने नदी किनारे खुदाई कर बिगन राम का अधजला शव बरामद किया और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

​मुख्य आरोपी फरार, जांच जारी

​मृतक की पत्नी नीतू देवी के बयान पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पकड़े गए आरोपियों ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है, जिसके बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। हालांकि, मामले की मुख्य कड़ी और आरोपी महिला शोभा देवी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है और मामले के अन्य पहलुओं की भी गहनता से जांच की जा रही है।