पटना। राजधानी के रानीतालाब थाना अंतर्गत धनराज छपरा गांव के पास सोमवार की रात बालू माफियाओं ने पुलिस टीम पर जानलेवा हमला कर दिया। अवैध बालू लदे ट्रैक्टरों को जब्त करने पहुंची पुलिस पर माफियाओं ने न केवल भारी पथराव किया, बल्कि करीब 10 राउंड फायरिंग भी की। इस हमले में एक होमगार्ड जवान समेत पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं और पुलिस की गाड़ी को भी काफी नुकसान पहुंचा है।

​भीषण संघर्ष और पुलिस की जवाबी कार्रवाई

​घटना उस वक्त हुई जब सिटी एसपी (वेस्ट) परिचय कुमार की सूचना पर पुलिस टीम 15 ट्रैक्टरों के काफिले को रोकने पहुंची थी। माफियाओं के हमले के बावजूद पुलिस पीछे नहीं हटी। स्थिति बिगड़ते देख आसपास के थानों की पुलिस बुलाई गई, जिसके बाद पुलिस ने बचाव में 4 राउंड फायरिंग की। पुलिस के बढ़ते दबाव को देख माफिया मौके से फरार हो गए। छापेमारी के दौरान पुलिस ने बालू लदे 4 ट्रैक्टर और माफियाओं की 3 बाइक जब्त की हैं।

​सिंडिकेट का रेट कार्ड

​क्षेत्र में अवैध बालू के परिवहन के लिए माफियाओं का एक सुव्यवस्थित सिंडिकेट काम कर रहा है। सूत्रों के अनुसार, पुलिस की तैनाती वाले रास्तों से एक ट्रक पास कराने के लिए 2000 और ट्रैक्टर के लिए 800 से 1000 तक का ‘नजराना’ तय है। इतना ही नहीं, धर्मकांटों पर ओवरलोड बालू उतारकर उसे अलग से बेचने का भी काला खेल चल रहा है, जिसके बदले चालकों से कांटा शुल्क नहीं लिया जाता।

​SIT गठित, 165 पर प्राथमिकी

​ट्रेनी डीएसपी विनय कुमार ने बताया कि इस मामले में 15 नामजद और करीब 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। हमलावरों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है, जो लगातार छापेमारी कर रही है।