रायपुर। महिला आरक्षण बिल से जुड़ा संविधान (131वां) संशोधन बिल लोकसभा में पास नहीं हो पाई। इस पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि कांग्रेस और INDI गठबंधन का असली चेहरा एक बार फिर देश के सामने उजागर हो गया है।

सीएम साय ने कहा, ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ से जुड़े 31वें संविधान संशोधन विधेयक का विरोध केवल एक कानून का विरोध नहीं, यह देश की मातृशक्ति के अधिकार, सम्मान और नेतृत्व क्षमता को नकारने का प्रयास है। यह उस विश्वास और आशा पर आघात है, जो देश की करोड़ों बहनों ने अपने भविष्य को लेकर संजोई है।

सीएम साय ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश नारी शक्ति को निर्णय प्रक्रिया के केंद्र में स्थापित कर उन्हें समान अवसर और सशक्त पहचान देने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। इसके बावजूद कांग्रेस और INDI गठबंधन का यह रुख उनकी संकीर्ण सोच और दोहरे मापदंड को स्पष्ट करता है। देश की माताएं-बहनें सब देख रही हैं और समझ रही हैं, समय आने पर इसका जवाब भी देंगी। नारी सशक्तीकरण की यह यात्रा रुकने वाली नहीं है। हर महिला को उनका अधिकार और सम्मान दिलाकर ही यह संकल्प पूर्ण होगा।

सुनिए सीएम ने क्या कहा –