Dharm Desk : बस थोड़े ही दिन में खरमास का समापन होने वाला है. एक महीने तक शादी विवाह, मांगलिक कार्य, गृह प्रवेश और मुंडन आदि जैसे कार्यों पर रोक लगी हुई थी. अब इनकी शुरुआत बिना किसी बाधा के की जा सकेगी. इस साल खरमास की शुरुआत 15 मार्च से हुई थी. यह 14 अप्रैल तक रहेगा. इस अवधि में पूजा-पाठ, जप-तप और दान-पुण्य को विशेष फलकारी माना जाता है, लेकिन नए शुभ कार्यों की शुरुआत नहीं की जाती.

कब लगता है खरमास

जब सूर्य देव मीन राशि में रहते हैं, तब उनकी ऊर्जा अपेक्षाकृत कमजोर मानी जाती है. इसी कारण इस दौरान किए गए मांगलिक कार्यों को पूर्ण फल नहीं मिल पाता. 14 अप्रैल को सूर्य देव के मेष राशि में प्रवेश करते ही खरमास समाप्त हो जाएगा और 15 अप्रैल से सभी शुभ कार्यों के लिए अनुकूल समय शुरू हो जाएगा.

यह शुभ मुहूर्त आने वाला है

खरमास समाप्त होने के बाद गृह प्रवेश के लिए 20 अप्रैल का विशेष शुभ मुहूर्त बताया गया है. इसके अलावा 15 अप्रैल के बाद मुंडन, गृह शांति और अन्य मांगलिक कार्य भी किए जा सकेंगे. लंबे समय से इन कार्यों को टाल रहे लोगों के लिए अप्रैल का दूसरा पखवाड़ा खास अवसर लेकर आ रहा है.

अक्षय तृतीया का अबूझ मुहूर्त

इस माह 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया भी पड़ रही है, जिसे अबूझ मुहूर्त माना जाता है. इस दिन बिना विशेष गणना के भी शुभ कार्य किए जा सकते हैं. मान्यता है कि इस दिन किए गए कार्य और दान का फल कभी समाप्त नहीं होता. जिससे सुख शांति बनी रहती है.