देहरादून. सीएम पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट की बैठक में प्रदेश के विकास से जुड़े कुल 18 प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई. धामी सरकार ने मोटरयान संशोधन नियमावली 2026 समेत कई नीतिगत बदलावों को स्वीकृति दी है. कैबिनेट के फैसलों को लेकर पूर्व सीएम हरीश रावत ने सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने एक्स पर लिखा कि मंत्रिमंडल का फैसला अधूरा है.
रावत ने लिखा कि ‘मंत्रिमंडल का फैसला मगर अधूरा है. छोटे ठेकेदारों के लिए डेढ़ करोड़ नहीं, बल्कि 4 करोड़ रुपये तक के काम केवल डी श्रेणी के ठेकेदारों के लिए आरक्षित होने चाहिए. साथ ही 25 करोड़ रुपये तक के सरकारी कार्यों के लिए टेंडर डालने की अर्हता केवल उत्तराखंड के स्थायी निवासी ठेकेदारों के लिए होनी चाहिए’.
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रावत ने आगे लिखा कि ‘समय के साथ महंगाई भी बढ़ रही है और 25 वर्षों से ठेकेदारी का काम कर रहे लोगों की माली हालत में भी सुधार आया है. सरकार को बहुत सुसंगठित तरीके से राज्य का अपना मध्यम वर्ग खड़ा करना चाहिए. हमारे राज्य को बाहरी ठेकेदारों के लिए पैराडाइज नहीं बनाया जाना चाहिए.’
धामी कैबिनेट के फैसले-
- कुंभ में निर्माण कार्यों को लेकर अहम आदेश
- 1 करोड़ तक के कार्य मेलाधिकारी स्तर से होंगे
- 5 करोड़ तक के कार्य गढ़वाल कमिश्नर स्तर से होंगे
- 5 करोड़ से ऊपर के कार्यों को शासन मंजूरी देगा
- मधुमक्खी पालन नीति को कैबिनेट से मंजूरी
- आबकारी में वैट दरें 6 प्रतिशत तक लागू होंगी
- 250 नई बसों को खरीदने की अनुमति दी गई
- 452 मदरसों को लेकर हुआ अहम निर्माण
- 8वीं तक के मदरसों को मान्यता लेनी होगी
- जिले पर जिलाधिकारी से मान्यता मिलेगी
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