वीरेंद्र गहवई, बिलासपुर। पूर्व उप मुख्यमंत्री प्यारे लाल कंवर के बेटे, बहू और चार साल की पोती की हत्या के मामले में हाई कोर्ट का फैसला आया है. निचली अदालत ने पांचों आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई थी, जिसमें से हाई कोर्ट ने दो परमेश्वर कंवर और रामप्रसाद मन्नेवार की सजा को बरकरार रखते हुए तीन आरोपियों हरभजन सिंह कंवर, हरभजन की पत्नी धनकुंवर, सुरेंद्र कंवर को बरी कर दिया है.

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दिग्विजय सिंह की सरकार में पूर्व उप मुख्यमंत्री प्यारे लाल कंवर के बेटे हरीश कंवर, बहू सुमित्रा कंवर और चार वर्षीय पोती याशिका कंवर की भैसमा गांव स्थित निवास में 21 अप्रैल, 2021 को निर्मम हत्या कर दी गई थी. जांच में पारिवारिक जमीन के मुआवजे को लेकर प्यारेलाल के बड़े बेटे हरभजन सिंह कंवर, हरभजन की पत्नी धनकुंवर, धनकुंवर के भाई परमेश्वर कंवर और सुरेंद्र कंवर तथा परमेश्वर के दोस्त रामप्रसाद मन्नेवार पर हत्या का आरोप लगा था.

मामले की सुनवाई करते हुए कोरबा की निचली अदालत ने पांचों आरोपियों को आजीवन कारवास की सजा सुनाई थी. निचली अदालत के फैसले के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई करने के बाद अब हाई कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए दो की उम्र कैद की सजा को बरकरार रखा है, वहीं तीन आरोपियों को बरी किया है.